प्रतिभा पाटील क्यों बनें राष्ट्रपति?
Published by शेखचिल्ली June 18th, 2007 in नेतागीरी.यूपीए यानी कि कॉंग्रेस तथा सत्ताधारी दल ने राजस्थान की राज्यपाल प्रतिभा पाटील को भारत के अगले राष्ट्रपति के रूप में अपना उम्मीदवार घोषित किया है।
जाहिर है, ऎसे में उनके जीतने की संभावना भी ज्यादा है।
क्या खास बात है प्रतिभा पाटील में कि वे भारत की अगली राष्ट्रपति बनें? क्या किया है उन्होंने भारत के लिए जो वे भारत की सर्वोच्च पद पर बैठें? भारत के कितने लोग जानते हैं उन्हें?
जवाब हैं- पहला, वे महिला हैं, दूसरा वे महाराष्ट्र की राजनीति में रही हैं, तीसरा, शायद कुछ सौ लोग जानते होंगे उन्हें।
लेकिन उनकी सबसे बड़ी काबिलियत यह है कि वे कॉंग्रेस और गांधी परिवार की लगातार वफादार रही हैं।
इसलिए एक अरब की आबादी वाले इस देश के सर्वोच्च पद पर, तीनों सेनाओं के कमांडर के पद पर एक ऎसी महिला बैठेंगी जिन्हें इस देश का आम आदमी जानता तक नहीं है, जिन्होंने इस देश के लिए ऎसा कुछ नहीं किया जो किसी को याद हो।
भारत का राष्ट्रपति पद क्या इतना सस्ता हो गया है कि उसपर अब सिफारिशी नेता बैठें?
शायद समय आ गया है कि भारत के राष्ट्रपति का चुनाव भी अब जनता के सीधे वोट द्रारा किए जाने की मांग उठाई जाए।
प्रतिभा पाटील को कल तक मै भी ऩही जाऩता था भारत के राष्ट्रपति पद मे भी अब राजनीती होने लगी है। यह बडे शर्म कि बात है ।
Bharat sampurn desho me sabase bada loktantrik desh hai jis par hume garv hai ki hum Bhartiya hai.
Desh ki loktantrik pranali ko aur majboot banane ke liye desh ke sarvochcha pad (Rastrapati) ke liye bhi pratyaksha chunav hona chahiye. Sirf party ka samarthan hi kafi nahi.
ho sakta hai awaj uthe per perwah kise hai . sari janta kalamji ko chahti thi per awaj kaha suni.